भारी बारिश के बीच प्रशासन सख्त: वसई, नायगांव और वालिव क्षेत्र के झरनों, समुद्र तटों व पर्यटन स्थलों पर प्रतिबंध
भारी बारिश के बीच प्रशासन सख्त: वसई, नायगांव और वालिव क्षेत्र के झरनों, समुद्र तटों व पर्यटन स्थलों पर प्रतिबंध
संभावित दुर्घटनाओं को रोकने के लिए पुलिस उपायुक्त अशोक विरकर का आदेश, BNS की धारा 163 के तहत लागू हुई पाबंदियां
वसई : लगातार हो रही भारी बारिश और प्राकृतिक स्थलों पर बढ़ते हादसों की आशंका को देखते हुए मीरा-भायंदर, वसई-विरार पुलिस आयुक्तालय ने एहतियाती कदम उठाते हुए महत्वपूर्ण प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किया है। पुलिस उपायुक्त अशोक विरकर ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 163 के तहत वसई, नायगांव और वालिव थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सभी झरनों, समुद्र तटों तथा प्राकृतिक पर्यटन स्थलों पर आम नागरिकों के प्रवेश और अनावश्यक भीड़ पर प्रतिबंध लगाने के आदेश जारी किए हैं। पुलिस प्रशासन के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से क्षेत्र में लगातार हो रही भारी वर्षा के कारण झरनों और नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। तेज बहाव, फिसलन, ऊंची लहरों और जलभराव जैसी परिस्थितियों के कारण दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। विशेष रूप से सप्ताहांत और छुट्टियों के दौरान बड़ी संख्या में पर्यटक इन स्थलों पर पहुंचते हैं, जिससे किसी भी अप्रिय घटना की संभावना और अधिक बढ़ जाती है। जारी आदेश के अनुसार, वसई, नायगांव और वालिव थाना क्षेत्र के अंतर्गत स्थित सभी संवेदनशील झरनों, समुद्र तटों और प्राकृतिक पर्यटन स्थलों पर आम नागरिकों के जाने, पिकनिक मनाने, सेल्फी लेने, स्नान करने अथवा भीड़ एकत्र करने पर रोक रहेगी। आदेश का उद्देश्य लोगों के जीवन की सुरक्षा सुनिश्चित करना और संभावित हादसों को रोकना है। पुलिस उपायुक्त अशोक विरकर ने नागरिकों से अपील की है कि वे प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पूरी तरह पालन करें और प्रतिबंधित क्षेत्रों में जाने से बचें। उन्होंने अभिभावकों से भी आग्रह किया कि वे बच्चों और युवाओं को झरनों, समुद्र तटों तथा नदी-नालों के आसपास जाने से रोकें। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि प्रतिबंधात्मक आदेश का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) एवं अन्य लागू कानूनी प्रावधानों के तहत आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। साथ ही संबंधित थाना क्षेत्रों में पुलिस बल की तैनाती बढ़ा दी गई है तथा संवेदनशील स्थानों पर लगातार गश्त की जा रही है। बारिश के मौसम में हर वर्ष झरनों और समुद्र तटों पर लापरवाही के कारण होने वाली दुर्घटनाओं को देखते हुए प्रशासन ने नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि कुछ समय की सावधानी किसी की भी जान बचा सकती है। पुलिस ने लोगों से मौसम विभाग और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी चेतावनियों पर ध्यान देने तथा सुरक्षित स्थानों पर ही रहने की सलाह दी है।

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